उल्हासनगर : नीतू विश्वकर्मा
उल्हासनगर:- उल्हासनगर में एक तरफ जहां पर मनपा के आला अधिकारी आलीशान वातानुकूलित कार्यालय का सुख भोग रहे हैं।वही सामान्य कर्मचारियों को खतरे से खेल कर ड्यूटी करनी पड रही हैं। कैंप नंबर दो में जलापूर्ति मरम्मत का कार्यालय हैं । जहा पर पानी की टूटी पाइपलाइन की मरम्मत कार्य करना पड रहा है। जलापूर्ति विभाग के इस खतरनाक कार्यालय को लेकर कर्मचारी व शिकायत करने जाने वाले उल्हासनगरवासी कार्यालय की दशा व दुर्दशा से भयभीत हैं। लोगो को डर सता रहा है की कही यह कार्यालय उल्हासनगर की गिरती इमारतों की सूची में आकर मौत की संख्या ने बढ़ा जाए?
बता दे कि उल्हासनगर कैंप नंबर दो , खेमानी स्कूल के सामने मनपा का कैप नंबर दो का विभागीय मरम्मत कार्यालय हैं।इस कार्यालय में कैंप नंबर दो की पानी लाइन , वाल्व मरम्मत किया जाता है।इस कार्यालय में परिसर के नागरिक पानी लीकेज, पानी न आने की स्थिति में शिकायत करने के लिए लोग जाते हैं।इस कार्यालय में तीन मनपा के कर्मचारी, ठेकेदार के लोग रहते है।कार्यालय को वर्षो पहले बनाया गया हैं। जो आज जर्जर हो गया हैं।इस कार्यालय की जर्जर दशा की तरफ मनपा के जलापूर्ति व वरिष्ठ विभागीय अधिकारियों की अनदेखी की जा रही हैं।कार्यालय की दीवाल भीग गई हैं। जिसमे खुले बिजली के तार लगे हैं। वैसे शहर के काफी जलापूर्ति व सफाई विभाग के कार्यालय की दशा दयनीय, जर्जर, दुर्घटनाग्रस्त स्थिति में हैं।
जलापूर्ति विभाग के उपअभियंता दीपक डोले ने बताया की इस कार्यालय का सर्वे कर जर्जर स्थिति को देखकर दो बार बनाने के लिए प्रस्ताव (स्टीमेट) तैयार कर वरिष्ठ लोगो के पास भेजा गया हैं।जिसे रिजेक्ट कर दिया गया।अब तीसरी बार फिर से प्रस्ताव भेजा जाएगा।
